अल्मोड़ा। रिहायशी इलाकों में गुलदार की बढ़ती चहलकदमी और उससे उत्पन्न जनसुरक्षा के गंभीर संकट को लेकर कांग्रेस ने डीएफओ सिविल सोयम वन प्रभाग कार्यालय का घेराव किया। साथ ही कहा कि गुलदार के अटैक में किसी प्रकार की जनहानि होती है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी वन विभाग और शासन-प्रशासन की होगी। ऐसी स्थिति में आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
डीएफओ को सौंपे ज्ञापन में कांग्रेसजनों ने कहा कि नगर के रिहायशी इलाकों, स्कूलों, पैदल मार्गों और घरों के आसपास गुलदार की सरेआम आवाजाही अब आमजन के लिए जानलेवा खतरा बन चुकी है। वन विभाग द्वारा अब तक कोई ठोस और प्रभावी कदम नहीं उठाए गए हैं, जो बेहद चिंताजनक है।
ज्ञापन में चिन्हित जगहों पर तत्काल पिंजरे लगाने, नियमित गश्त, ट्रैप कैमरे लगाने, भविष्य में जंगली जानवरों की घटनाओं की रोकथाम के लिए स्पष्ट कार्ययोजना, समय-सीमा और जिम्मेदार अधिकारियों के नाम घोषित किए जाने, पकड़े गए गुलदारों को नगर क्षेत्र से दूर सुरक्षित वन क्षेत्रों में छोड़ा जाए या स्थायी व्यवस्था के तहत जू या रेस्क्यू सेंटर में रखे जाने की मांग की गई।
यहां कांग्रेस जिलाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह भोज, नगर अध्यक्ष ताराचंद्र जोशी, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष राधा बिष्ट, प्रकाश चंद्र जोशी, पूरन रौतेला, पार्षद वैभव पांडे, दीपक कुमार, इंतखाब आलम, गीता मेहरा, प्रीति बिष्ट, गीता पांडे, परितोष जोशी, मनोज भंडारी, बीके पांडे, मनोज वर्मा, गोविंद सिंह मेहरा, भैरव गोस्वामी समेत कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।

More Stories
धामी कैबिनेट विस्तार: खजान दास को प्रतिनिधित्व देकर दलित वोट बैंक को साधा, कांग्रेस की रणनीति में लगाई सेंध
बारिश फिर ठंड ले आई; मैदान से पहाड़ तक जमकर बरसे मेघ, 11 डिग्री गिरा दून का तापमान
सर्वे ऑफ इंडिया मुख्यालय देहरादून से नही होगा स्थानांतरित